युपी फतेहपुर। पूर्व में किसानों को बिजली मुफ्त दिए जाने का दावा किसानों को कर्जदार बना रहा है। करीब बीस हजार किसानों पर करीब तीन अरब रुपये की बकाएदारी हो चुकी है। कुल कनेक्शन धारकों के सापेक्ष महज 11 हजार के करीब किसान प्राइवेट नलकूपों का बिल जमा करने में जागरूकता दिखा रहे हैं। जबकि अन्य बिल माफ करने का इंतजार करते हुए दिनों दिन कर्जदार होते जा रहे हैं। शासन द्वारा किसानों का बिल माफ किए जाने के दावे किए गए थे। लेकिन विभाग के पास अब तक जीओ नहीं भेजा जा सका, जिससे किसानों पर कर्ज बढ़ रहा है। दोआबा के किसान बिजली विभाग के कर्ज के बोझ में दबते जा रहे हैं। एलएमवी-5 की श्रेणी में आने वाले निजी नलकूप संचालकों द्वारा बिल माफी का इंतजार करने के चलते बिल जमा नहीं किया जा रहा। किसानों को पूर्व के बकाए को माफ नहीं किया जाएगा। अप्रैल से बिल माफ करने के निर्देश पूर्व में दिए थे। पूर्व का बिजली बिल बकाया किसानों को जमा करना होगा। -प्रमोद कुमार अग्निहोत्री, एसई