बिहार में शिक्षा व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए सुशासन बाबू लगातार प्रयास कर रहे हैं लेकिन जमीनी यह भी सच्चाई है कि शिक्षा मंत्री शिक्षा नहीं बांटती बल्कि बांटती है डिग्रियां । जमीनी हकीकत यह है कि बिना शिक्षक के पढ़ाई किये विद्यार्थी इंटरमीडिएट के मासिक, अर्धवार्षिक और वार्षिक परीक्षा दे रहे हैं । विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।
