नमस्कार आदाब श्रोताओ जनता की रिपोर्ट चर्चा मंच पर आने वाले सप्ताह में हम चर्चा करेंगे ग्रामीण बैंक से आसानी से मिलने वाली उद्योग लोन के बारे में....बेरोजगार युवकों को रोजगार स्थापित करने के लिए सरकार की ओर से उन्हें दिया जा रहा है ऋण.....आपकेअनुसार ग्रामीण बैंको से बेरोजगार युवकों के लिए रोजगार से जुड़ने के लिए उन्हें किस तरह से आसानी से उद्योग ऋण उपलब्ध कराया जासकता है । अक्सर जरुरत मन्दो को या समाज के निचले तबको का लोन की अर्ज़ियाँ फाइलों पड़े-पड़े धूल फांकती रहती है और लोग बैंको और दफ्तरों के चक्कर काटते रहते है,ऐसे स्थिति में अभ्यार्थी को किन-किन कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है? साथ ही कई जगह में ऐसा भी सुनने को मिलता है कि बैंक मैनेजर के सांठगांठ से दलालों के माध्यम से आवेदन देने पर कमीशन के एवज में ऋण उपलब्धकराया जाता है, इस तरह की कमीशनखोरी को रोकने के लिए सरकार को क्या-क्या कदम उठाने की आवश्यकता है ? और ये ​सारी अड़चने ​ उद्योग योजना के सफल होने​ से किस कदर पीछे खीच रही है ? शसक्त भारत बनाने की ओर युवाओ को प्रेरित करने के लिए किस तरह के बैंकिंग परिसेवा की जरुरत है ?इस विषय पर ​अपनी राय व ​ क्षेत्र की स्थिति के बारे हमें जरूर बताये नंबर -3 दबाकर।