दिल्ली गुरुग्राम से नंदकिशोर श्रमिक वाणी के माध्यम से कह रहें हैं कि, काम की कमी और प्रव को लेकर श्रमिक अपने घरों की तरफ लौटते दिखाई दे रहें हैं। श्रमिकों का कहना है की यदि काम होता तो हम अपने परिवार से दूर प्रव मनाने को मजबूर होते लेकिन अभी काम नहीं है तो हमारा परिवार के साथ पर्व मनाना आसान हो गया
