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बिहार राज्य के जमुई ज़िला के गिद्धौर प्रखंड के बंजुलिया ग्राम से 32 वर्षीय पिंटू साव मोबाइल वाणी के माध्यम से यह जानकारी चाहते है कि क्या आत्महत्या के बारे में बात करना ख़तरनाक बात है ?
बिहार राज्य के जमुई ज़िला के गिद्धौर प्रखंड के बंजुलिया ग्राम 35 वर्षीय गणपत पासवान मोबाइल वाणी के माध्यम से यह जानकारी चाहते है कि अगर किसी दोस्त को आत्महानि या आत्महत्या के विचार आ रहे है तो क्या करना चाहिए ?
बिहार राज्य के जमुई ज़िला के गिद्धौर प्रखंड के बंजुलिया ग्राम 21 वर्षीय पप्पू कुमार मोबाइल वाणी के माध्यम से यह जानकारी चाहते है कि क्या आत्महत्या को रोकना संभव है ?
बिहार राज्य के जमुई ज़िला के गिद्धौर प्रखंड के बंजुलिया ग्राम 40 वर्षीय भुनेश्वर पासवान मोबाइल वाणी के माध्यम से यह जानकारी चाहते है कि अगर कोई आत्महत्या की बात करें तो क्या करना चाहिए ?
बिहार राज्य के जमुई ज़िला के गिद्धौर प्रखंड के 18 वर्षीय प्रिंस कुमार मोबाइल वाणी के माध्यम से यह जानकारी चाहते है कि आत्महत्या के जोखिम के क्या संकेत हैं?
साथियों कई बार हमारे जीवन में ऐसे मोड़ आ जाते है जहाँ हम खुद को बहुत परेशान और अकेला महसूस करते हैं और मन में बहुत बुरे-बुरे ख्याल आते हैं . कई बार सारी उम्मीदें ख़तम होने लगती है। ऐसे में किसी को सहारा देने के लिए आप के अनुसार हमें क्या करना चाहिए ? क्या आपने कभी किसी ऐसे स्थिति का सामना किया है ? अगर हाँ तो कैसे उभरे उस स्थिति से ?
साथियों कई बार हमारे जीवन में ऐसे मोड़ आ जाते है जहाँ हम खुद को बहुत परेशान और अकेला महसूस करते हैं और मन में बहुत बुरे-बुरे ख्याल आते हैं . कई बार सारी उम्मीदें ख़तम होने लगती है। ऐसे में किसी को सहारा देने के लिए आप के अनुसार हमें क्या करना चाहिए ? क्या आपने कभी किसी ऐसे स्थिति का सामना किया है ? अगर हाँ तो कैसे उभरे उस स्थिति से ?
साथियों कई बार हमारे जीवन में ऐसे मोड़ आ जाते है जहाँ हम खुद को बहुत परेशान और अकेला महसूस करते हैं और मन में बहुत बुरे-बुरे ख्याल आते हैं . कई बार सारी उम्मीदें ख़तम होने लगती है। ऐसे में किसी को सहारा देने के लिए आप के अनुसार हमें क्या करना चाहिए ? क्या आपने कभी किसी ऐसे स्थिति का सामना किया है ? अगर हाँ तो कैसे उभरे उस स्थिति से ?
साथियों कई बार हमारे जीवन में ऐसे मोड़ आ जाते है जहाँ हम खुद को बहुत परेशान और अकेला महसूस करते हैं और मन में बहुत बुरे-बुरे ख्याल आते हैं . कई बार सारी उम्मीदें ख़तम होने लगती है। ऐसे में किसी को सहारा देने के लिए आप के अनुसार हमें क्या करना चाहिए ? क्या आपने कभी किसी ऐसे स्थिति का सामना किया है ? अगर हाँ तो कैसे उभरे उस स्थिति से ?
