धरहरा(संवाददाता):मुगेंर जिला प्रशासन कोरोना से मृत्यु होने के पश्चात जहाँ आश्रितो को हर संभव सरकारी सुविधा देने के लिए कटिबद्ध है तो वही धरहरा अंचल मे व्याप्त भ्रष्टाचार के कारण प्रखंड के बाहाचौकी पंचायत के सुन्दरपुर गाँव के एक व्यक्ति की मौत कोरोना से होने के बावजूद परिजन सरकारी सुविधा से वंचित है।विदित हो कि बाहाचौकी पंचायत के वार्ड संख्या आठ के सुन्दरपुर निवासी संजय साह की मृत्यु 31 जुलाई 2020 को कोरोना से हो गई थी।पांच माह होने के बाबजूद पीडि़त परिजनो को नौकरशाह की उदासीनता के कारण मुआबजा की राशि अब तक नही मिल पाई है।विदित हो कि मृतक का जाँच रिपोर्ट पटना से आने के बाद कोरोना पोजेटिव बताया गया।संजय साह के मृत्यु के पश्चात सभी दस्तावेज अप टु डेट करने के बाद मृतक की पत्नी उर्मिला देवी ने सरकारी मुआवजा को लेकर धरहरा सीओ पुजा कुमारी को सभी दस्तावेज के साथ मुआवजा देने का लिखित आवेदन दिया था।धरहरा सीओ पुजा कुमारी ने कहा कि धरहरा प्रखंड के सुन्दरपुर गाँव का कोरोना से मृत्यु का आवेदन प्राप्त हुआ है जिसे अनुमंडल पदाधिकारी मुगेंर को मुआवजा हेतु फाइल भेजी गई थी लेकिन कोविड -19 का सत्यापित रिपोर्ट अनुमंडल पदाधिकारी मुगेंर द्वारा मांगा गया है जिससे पुनः कोविड -19 के मुआवजा की फाइल अंचल कार्यालय धरहरा भेज दिया गया जिससे कोविड -19 के पीडि़त परिजनो को राशि नही मिल पाया।कोविड -19 से मृत्यु के सत्यापित कापी हेतु सदर मुगेंर अस्पताल को पत्राचार किया जाएगा।विदित हो कि पीडी़त परिजनो ने कोविड - 19 से संबंधित रिपोर्ट सहित सभी दस्तावेज अंचल कार्यालय को पांच माह पूर्व उपलब्ध कराया लेकिन नौकरशाह की उदासीनता एवं धरहरा अंचल मे फैले भ्रष्टाचार के कारण कोरोना से मृत्यु होने बाले संजय साह के परिजनो को मुआवजा के लिए भटकना पड़ रहा है।मृतक की पत्नी मसोमात उर्मिला देबी ने बताया कि जब पति संजय साह का तबियत खराब हुआ तो उसे आनन - फानन मे परिजनो ने सदर अस्पताल मुगेंर मे भर्ती कराया,जहा इसका कोरोना जाँच का सैम्पल पटना भेजा गया ।जांच रिपोर्ट आने के पूर्व 31 जुलाई 2020 को मेरे पति ने दम तोड़ दिया।पटना से जांच रिपोर्ट 2 अगस्त 2020 को प्राप्त हुआ जिसमे कोरोना पोजेटिव होने के कारण मेरे पति की मौत कोरोना से मृत्यु होने की पुष्टी की गई । कोरोना से मेरे पति की मृत्यु होने के पश्चात मेरे आस पास का इलाका पुरी तरह सील कर दिया गया जिसके कारण हमारे पडो़सी सुन्दरपुर की पंचायत समिति सदस्य ने खाने-पीने की व्यवस्था किया,नही तो पुरा परिवार भुखे ही मर जाते।सनद रहे कि मृतक की मौत के बाद पत्नी उर्मिला देवी को चार पुत्री के भरण पोषण सहित खाने पीने की चिन्ता सता रही है।मृतक की पत्नी ने जिलाधिकारी रचना पाटिल से सरकारी सुविधा उपलब्ध कराने की माँग की है।
