सदर अस्पताल में ओक्सिजन प्लांट के लिए यंत्र पहुच गया है। भवन निर्माण का काम पूरा होते ही इन यंत्रो को लगाकर इस प्लांट को चालू कर दिया जायेगा। आगस्त माह के अंत तक इस प्लांट के पूर्णरूपेण चालू कर दिए जाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इस प्लांट से एक सौ बेड तक पाइपलाइन से ओक्सिजन पहुचाया जा सकेगा। इसके अतरिक्त उद्पादित ओक्सिजन सिलिंडर में भी जरूरत पड़ने पर अन्य स्वास्थ्य केन्द्रों तक आपूर्ति की जाएगी। कोरोना की सम्भावित तीसरी लहर को लेकर राज्य स्वास्थ्य समिति ने सभी जिलो के तरह यहाँ भी ओक्सिजन प्लांट लगाने का निर्णय लिया है। सदर अस्पताल में स्थल चयन कर भवन निर्माण कार्य तेज़ कर दिया गया है। अधिकारिक सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार वृहस्पतिवार को पटना से ओक्सिजन प्लांट में प्रयोग किये जाने वाले यंत्र यहाँ पह्चुचाया गया है। राज्य स्वास्थ्य समिति पटना से ओक्सिजन टैंकर, एयर रिसीवर, एयर कम्प्रेशर, एयर ड्रायर, स्किट मौन्टेंनीयर के साथ साथ भारी मात्रा में केबल, बिजली और अन्य यांत्रिक यंत्र यहाँ सदर अस्पातल में भेजा गया है। इस बीच प्लांट के निर्माण का कार्य युद्ध स्तर पर जारी है। सदर अस्पताल में ओक्सिजन प्लांट लग जाने के बाद स्वास्थ्य विभाग चिकित्सीय ओक्सिजन में आत्मनिर्भर बन जायेगा। इसके पूर्व कोरोना के दूसरी लहर में स्वास्थ्य विभाग को यहाँ निजी ओक्सिजन आपूर्तिकर्ता पर निर्भर रहना पड़ा था। हालाकि जिला प्रशासन की तत्परता के कारण जिले में ओक्सिजन की कमी नही होने दी गयी। सदर अस्पताल के साथ साथ कोविड केयर सेंटर पर लगातार ओक्सिजन की आपूर्ति बनी रही।विस्तृत जानकारी के लिए ऑडियो पर क्लिक करें।