झारखण्ड राज्य के हज़ारीबाग़ जिला से राज कुमार मेहता मोबाइल वाणी के माध्यम से यह बताना चाहते हैं कि महिलाओं को भूमि पर अधिकार मिलना चाहिए। इस संदर्भ में पुरुष हितधारकों की भागीदारी का विवरण दिया गया है। इनमें सबसे पहले सरकार और व्यवस्था से जुड़े लोग जैसे -सरपंच ,ग्रामसेवक या पटवारी आते हैं। तो वह कहते हैं कि वह क्रियान्वयन स्तर पर इन ऑफिस होल्डर्स के साथ काम करते हैं लेकिन अगर पचास ग्राम प्रधानों से बात किया जाए तो उनमे से सिर्फ पांच ही महिलाओं के भूमि आवंटन और विराशत के मुद्दों पर बात और काम करने के लिए तैयार होंगे।