झारखण्ड राज्य के हज़ारीबाग जिला से अनिज रावत ने मोबाइल वाणी के माध्यम से बताया कि सदियों से और आज भी कार्यकर्ता महिलाओं के अधिकारों के लिए संघर्ष कर रहे हैं।उनमे से एक है - महिलाओं का मताधिकार।1893 में महिलाओं के मताधिकार के लिए आंदोलन शुरू हुआ। न्यूजीलैंड (माओरी भाषा में ओटेरोवा) 1893 में राष्ट्रीय स्तर पर सभी महिलाओं को मताधिकार देने वाला दुनिया का पहला देश बना। यह आंदोलन विश्व भर में फैल गया और इस संघर्ष में शामिल सभी लोगों के प्रयासों के कारण आज महिलाओं को मताधिकार प्राप्त है।
