हुसैनगंज के हसनपूरवा में दादा मलंग शाह का सालाना उर्स अकिदत से मनाया गया,मौलानाओं ने पेश की तकरीर। हुसैनगंज प्रखंड एवं पूर्वी हरिहांस पंचायत के हसनपूरवा गांव में स्थित हजरत दादा मलंग शाह का सालाना उर्स उर्दू के 11रजब शुक्रवार को शानोशौकत के साथ एहतराम पूर्वक मनाया गया। मजार शरीफ पर चादरपोशी कर जायरीनों ने अमन-चैन के लिए दुआ मांगी।शुक्रवार कि रात का सालाना उर्स मजार पे चादरपोशी व अकिदत से मनाया गया। शुक्रवार रात मजार शरीफ पर उर्स के मौके से जलसे का आयोजन हुआ। जलसे का आगाज कुराने पाक पढ़ कर हाफिज इम्तियाज किया,नकाबत कि जिम्मेदारी मौलाना मेराज ने निभाया। पिरो तरीक़त व मोकरीर मौलाना मोहम्मद हसनैन साहब गोपालगंज से तसरीफ लाए हुए थे। बुलबुले बिहार शायर समसाद कमाली,नसीम आरफी,मो सरफूददीन आरफी, तशरीफ़ लाए हुए थे। मौलाना ने कहा कि अपने बच्चों को दुनियावी तालीम के साथ दिनी तालीम देना बहुत जरूरी है। जब बच्चे मां बाप का फरमान बनेंगे। उसके इलावा बुजुर्गों के मजारो पर मन्नत एवं दुआएं मांगनी चाहिए बल्कि सजदे नहीं करना चाहिए। औरतों को मजारों पे जाने से बचना चाहिए। दादा की मजार पर सामूहिक रूप से चादरपोशी की गई। सालाना उर्स पर भीड़ के चलते आयोजित मेले में तमाम दुकानें भी लगाई गईं थीं। आयोजकों द्वारा रात में कौव्वाली मुकाबले का भी आयोजन किया गया। देर रात शायरों ने एक से बढकर एक नाते रसूल सुनाई। इस मौके पर अब्दुल हमीद अधिवक्ता,सेक्रेटरी मोहम्मद आशिक, सरपंच प्रतिनिधि शम्भु सिंह,बिडिसी प्रतिनिधि इमामुद्दीन शाह,मोहम्मद अजीज मदन हवारी,(सदर)मोहम्मद सलीम,मुन्ना हवारी,क्यामुद्दीन,कुर्बान अली,सलीम अली गाजी मोहम्मद सहित क्षेत्र सभी लोग सहयोग कर शामिल रहे।इस दौरान नियाज का आयोजन किया गया।