इसुआपुर प्रखंड में मनाया जाने वाला प्रसिद्ध महावीरी अखाड़ा सह झंडा मेला हर्षोल्लास के साथ संपन्न हो गया । मेले को शांतिपूर्ण संपन्न कराने को लेकर प्रशासनिक व्यवस्था काफी चुस्त दुरुस्त थी । एसडीएम मढ़ौरा योगेंद्र कुमार , डीएसपी इंद्रजीत बैठा समेत भारी संख्या में मजिस्ट्रेट , पुलिस पदाधिकारी भारी पुलिस बल के साथ तैनात थे । शुक्रवार की दोपहर एक दर्जन से अधिक गांवों से जुलूस इसुआपुर बाजार पर पहुंचा । जहां समिति द्वारा निर्धारित अखाड़ा स्थलों में युवाओं ने लाठी , गदका , ढाल , तलवार जैसे पारंपरिक हथियारों से अपने रण कौशल के प्रदर्शन किए । वहीं कलाकारों ने विभिन्न हैरतअंगेज करतब दिखाए । स्थानीय कलाकारों द्वारा देवी देवताओं की विभिन्न झांकियां मेले में आकर्षण का केंद्र बनी हुई थी । इसुआपुर , आता नगर , पुरसौली , अचितपुर , बिशुनपुरा के अखाड़ों में बने सांस्कृतिक मंचों पर पूजा समितियों द्वारा स्थानीय विधायक सह भाजपा के मुख्य सचेतक जनक सिंह , वरीय नेता शैलेंद्र प्रताप सिंह , पूर्व विधायक मुद्रिका प्रसाद राय , प्रमुख मितेंद्र प्रसाद यादव , जिला पार्षद छविनाथ सिंह , धीरज सिंह , पंचायत प्रतिनिधियों समेत सैकड़ों गणमान्य लोगों को पगड़ी देकर सम्मानित किया गया । विधायक जनक सिंह ने अपने संबोधन में महावीरी अखाड़ा अखाड़े मेला की शुरुआत की याद करते हुए कहा कि सन 1985 में बीजेपी के एक कार्यक्रम के दौरान मेरी पहल पर भाजपा के भीष्म पितामह माननीय शरद है कैलाशपति
