बिहार राज्य के जिला मुज़्ज़फ़रपुर से नज्मा खातून मोबाइल वाणी के माध्यम से बता रही है कि जब भी मोबाइल वाणी का कॉल आता है वे उससे मिली जानकारियों जैसे की कोरोना की जानकारी ,चमकी बुखार ,गर्भवती और धातृ माताओ से सम्बंधित जानकारीयो को सुनती है और बैठक कर समूह की दीदियों के साथ जानकारी को साझा करती है जैसे कि चमकी बुखार से अगर बच्चे को बचाना है तो शरीर पूरा कपड़ा से ढका होना चाहिए ,बच्चे को धुप में नहीं जाने देना है ,बच्चा अगर बाहर जा रहा है तो उसे नमक चीनी का घोल या ओआरएस का घोल देना चाहिए। इसके आलावा अगर आप कही भी घर से बाहर जा रहे है तो मास्क और सैनिटाइज़र का प्रयोग करना चाहिए ,और बार बार अपने हाथो को धोना चाहिए। ये सारे कार्य वे अपने घर परिवार में लागू की है। इतना ही नहीं स्वास्थ्य और पोषण से सम्बंधित जानकारी को भी बताती है।इनका यह भी कहना है कि जब से मोबाइल वाणी आया है तब से दीदियों में बदलाव आया है। गर्भवती और धात्री महिलाओं को क्या खान पान करना चाहिए कुछ पता नहीं होता था पर अब इसकी जानकारी है और अब वे आशा दीदी और एम्बुलेंस का नम्बर भी वे अपने पास रखने लगी है।