बिहार राज्य के मुजफ्फरपुर जिला से ज़ुल्फ़िकार मोबाइल वाणी के माध्यम से बता रहे है,कि नाटापन के अभिशाप से बिहार के 5% से अधिक बच्चों को मिली निजात कुपोषण सिर्फ शारीरिक या मानसिक रूप से बच्चों को कमजोर नहीं करता, बल्कि इससे देश का विकास भी बाधित होता है. लेकिन कोरोना जैसे महामारी के दौर में बिहार में बच्चों के सुपोषण में बढ़ोतरी की खबर राहत पहुंचा रही है. हाल में जारी राष्ट्रीय परिवार स्वास्थ्य सर्वेक्षण-5 के अनुसार विगत पांच सालों में राज्य में नाटापन( उम्र के हिसाब से लम्बाई का कम होना) में 5.4% की कमी दर्ज हुयी है, जो यह दर्शाती है कि सरकार की पोषण संबंधी योजनाओं का समुदाय स्तर तक बेहतर क्रियान्वयन हुआ है।