दिल्ली के मानेसर से मनीष कुमार श्रमिक वाणी के माध्यम से बताना चाहते है की, फैक्ट्री से, ईंट का भट्ठा से जो धुवा निकलता है वो जब हमारे वायुमण्डल में मिलता है। तब वो हवा को जान लेवा बना देता है, जब हम उसी हवा को अपने नाक के माध्यम से सांस लेते है तब उससे लोग बीमार हो जाते है
