नहाय खाय के साथ महापर्व छठ आज से लोक आस्था का महापर्व छठ का चार दिवसीय अनुष्ठान आज से प्रारंभ हो गया। कार्तिक माह की शुक्ल पक्ष की षष्ठी तिथि को छठ पूजा मनाई जाती है ।इस वर्ष 20 नवंबर को संध्या अर्घ्य दिया जाएगा। 21 को उदयगामी सूर्य को अर्घ्य अर्पित किए जाएंगे ।वहीं बुधवार को नहाए खाय, गुरुवार को खरना, शुक्रवार को संध्या अर्घ्य,शनिवार को उदयगामी सूर्य को अर्घ्य अर्पित करने के बाद व्रती प्रसाद ग्रहण करेंगे ।इसके बाद छठ महापर्व संपन्न होगा। छठ पर्व मुख्य रूप से सूर्य देव की आराधना तथा संतान के सुखी जीवन की कामना के लिए किया जाता है। माना जाता है कि सूर्यदेव की कृपा से सेहत अच्छी रहती है। घर में धन के भंडार भरे रहते हैं। छठ माई संतान प्रदान करती है ।सूर्य के समान संतान के लिए भी उपवास रखा जाता है। व्रती अपनी मनोकामना की पूर्ति के लिए इस व्रत को रखते हैं ।चार दिवसीय पर्व के पहले दिन नहाय खाय के दिन वर्ती स्नान आदि कर नए वस्त्र धारण करती है ।वर्ती शाकाहारी भोजन लेते हैं ।वर्ती के भोजन करने के पश्चात ही घर के बाकी सदस्य भोजन करते हैं।