आस्था का महापर्व छठ 28 अक्टूबर से शुरू हो रहा है. चार दिन तक चलने वाली छठ पूजा की शुरुआत नहाय खाय से होती है। इस दिन व्रती गंगा स्नान करने के बाद पूजा करती हैं. इसके बाद मिट्टी के चूल्हे पर अरवा चावल, चने की दाल और कद्दू की सब्जी का प्रसाद बनाती हैं। नहाय-खाय के दिन कद्दू खाने का खास महत्व है. इसे व्रती सहित परिवार के सभी सदस्य प्रसाद के तौर पर ग्रहण करते हैं। प्रसाद तैयार करते समय शुद्धता का विशेष तौर पर ख्याल रखा जाता है। प्रखंड भर में छठ पूजा को लेकर तैयारी कर दी गई है। पूजा समितियों की ओर से छठ घाट का साफ सफाई का कार्य एक तरफ किया जा रहा है। दूसरी ओर प्रशासन की ओर से भी व्यवस्था को लेकर छठ घाट का मुआयना किया जा रहा है। अंचलाधिकारी अजय कुमार, थाना प्रभारी प्रसुनजय कुमार की ओर से वाया नदी व विभिन्न पोखर आदि छठ घाट का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के क्रम में अंचलाधिकारी के द्वारा पूजा समिति के लोगों को आवश्यक दिशा निर्देश देते हुए साफ सफाई के प्रति संतुष्टि जाहिर करते हुए तथा समिति को धन्यवाद दिया गया।
