गोरखपुर। पिपराइच पुलिस ने मारपीट कर गम्भीर रुप से घायल करने के आरोप में 01 वांछित अभियुक्त गिरफ्तार करने में कामयाबी पाई है। अभियुक्त संजय कुमार त्रिपाठी पुत्र त्रियुगीनारायण त्रिपाठी निवासी मायानगरी जंगल छत्रधारी थाना पिपराईच जनपद गोरखपुर का रहने वाला है।

गोरखपुर। राजघाट पुलिस ने धोखाधड़ी करने के आरोप में 01 वांछित अभियुक्त को गिरफ्तार कर जेल भेजा है। वांछित अभियुक्त संतोष कुमार पुत्र सुभाष चन्द्र निवासी हुमायूपुर उत्तरी माली टोला थाना गोरखनाथ का रहने वाला है।

गोरखपुर। बेलघाट पुलिस ने अभियुक्त शमशेर निषाद पुत्र राजेन्द्र निषाद वर्ष निवासी ग्राम भभया नया वगिहवा टोला थाना बेलघाट जनपद गोरखपुर को 20 ली0 अपमिश्रित अवैध कच्ची शराब व 300 ग्रा0 नौसादर व 500 ग्राम यूरिया व बरामद कुल एक सौ तीस रुपया के साथ गिरफ्तार किया गया।

हाल ही में सरकार द्वारा सड़क हादसों (रोड ऐक्सिडेंट) के मामलों में प्रभावी नियंत्रण और कार्रवाई के लिहाज से एक नया कानून लागू किया गया, जिसके अनुसार हिट एंड रन मामले में दोषी वाहन चालक द्वारा हादसे के शिकार व्यक्ति को इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाने और इसकी सूचना पुलिस,स्वास्थ्य विभाग (एंबुलेंस) आदि को देना अनिवार्य कर दिया गया था। सड़क दुर्घटना के मामलों में दोषी चालक है या कि पीड़ित व्यक्ति की लापरवाही यह जांच का विषय था किन्तु हिट एंड रन के नए कानून में प्रावधान है कि जो चालक लापरवाही से गाड़ी चलाकर गंभीर सड़क दुर्घटना का कारण बनते हैं और पुलिस या प्रशासन के किसी अधिकारी को सूचित किए बिना भाग जाते हैं, उन्हें 10 साल तक की सजा या 7 लाख रुपये का जुर्माना हो सकता है। पूरे देश में ट्रांसपोर्ट यूनियनों द्वारा इस नए कानून का विरोध हुआ और दबाव में आकर सरकार को इस नए कानून को ठंडे में डालना पड़। जानकारों की मानें तो इस कानून का विरोध अनुचित है। भारत आबादी के लिहाज से दुनियां का नंबर वन देश बन गया है किंतु सड़क दुघर्टना में गंभीर रूप से घायल 80% लोगों की समय पर इलाज नहीं हो पाने से मौत हो जाती है। एमसीआई मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया,विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) मिली जानकारी के अनुसार संयुक्त राष्ट्र संघ (यूएन) के द्वारा भी इस पर चिंता जताई गई है। समय पर इलाज उपलब्ध हो जाने से सड़क हादसों में होने वाली मौत के आंकड़े को आसानी से कम किया जा सकता है। और हो सकता है कि हादसों में असमय होने मौत के आंकड़े 80% के बजाय 40% या उससे भी कम हो जाए। इस लिहाज से देखा जाए तो सड़क हादसे अर्थात हिट एंड रन मामले में नए और सख्त कानून लागू करने के पीछे सरकार का मकसद असमय होने वाली मौत के आंकड़े को कम करना और दुनियां के विकसित देशों के बीच आम जनता की सुरक्षा उनके इलाज की प्रभावी व्यवस्था लागू करना ही है जिसे पूरी तरह सोचे समझे बिना सिर्फ उग्र भीड़ की हिंसा का भय दिखाकर कानून को लागू नहीं होने देना सर्वथा अनुचित और गैरजिम्मेदाराना कदम ही माना जाएगा।

पक्ष विपक्ष कड़ी संख्या 38 न्याय संहिता में बदलाव

राजीव की डायरी लड़कियों के शिक्षा ना हो अधूरी

गोरखपुर। वाराणसी बीएचयू में छात्रा के साथ भाजपा कार्यकर्ताओं द्वारा गैंगरेप की घटना और प्रशासन द्वारा गिरफ्तारी में की गई देरी के विरोध में छात्रा को न्याय दिलाने की मांग को लेकर समाजवादी महिला सभा ने प्रदर्शन किया और 7 सूत्रीय मांगपत्र जिलाधिकारी के माध्यम से राज्यपाल को भेजा।

भड़के कम दुरस्त कर नाला जल भराव हुआ तो खैर नहीं

सीएम योगी ने किया संबोधित कहा हर नागरिक को जोड़ने के लिए हुई यात्रा की शुरुआत

जनता की समस्याओं को तत्काल हो कार्रवाई सीएम ने दिए आदेश