उत्तर प्रदेश राज्य के बलरामपुर जिला से प्रियंका सिंह ने मोबाइल वाणी के माध्यम से बताया कि जाति जनगणना के समकालीन पक्षकारों के तर्कों पर विवेचना करते और इन तर्कों के आलोक में, इस तरह की जनगणना को अनुसूचित करार करने का मामला भी स्पष्ट होगा। जाति एक स्पष्ट श्रेणी नहीं है क्योंकि कई समाजशास्त्रियों का मानना है कि जाति की कोई निष्ठा परिभाषा नहीं है और न ही इसे लिंग, आयु और शिक्षा जैसी वास्तुशिल्प वैधता से जोड़ा जा सकता है।
