उत्तर प्रदेश राज्य के बहराइच जिला से प्रिया सिंह ने मोबाइल वाणी के माध्यम से पखरपुर निवासी मोहम्मद इसरार से साक्षात्कार लिया। मोहम्मद इसरार ने बताया कि पैतृक संपत्ति में जितना अधिकार बेटो का होना चाहिए उतना ही अधिकार बेटियों का भी होना चाहिए। उनका कहना है की चाहे कुछ भी हो जाये वो अपने बेटियों पर किसी भी प्रकार की समस्या नहीं आने देंगे और उन्हें जो चाहिए वो देंगे
उत्तर प्रदेश राज्य के बहराइच जिला से प्रिया सिंह ने मोबाइल वाणी के माध्यम से कैसर गंज निवासी मोहम्मद राजा से साक्षात्कार लिया। मोहम्मद राजा ने बताया कि जो महिलाओं का हक़ है वो उन्हें मिलना चाहिए और जो लड़को का हक़ है वो लड़को को मिलना चाहिए। बेटा और बेटी एक ही माता पिता के संतान होते है , इसलिए पैतृक संपत्ति में दोनों का बराबर का अधिकार होता है
उत्तर प्रदेश राज्य के बहराइच जिला से प्रिया सिंह ने मोबाइल वाणी के माध्यम से मोहम्मद आलम से साक्षात्कार लिया। मोहम्मद आलम ने बताया कि भूमि में जितना अधिकार बेटो का है, उतना ही अधिकार बेटियों का भी है। इस निर्णय से वो और उनके परिवार वाले भी संतुष्ट है। इससे बेटो को कोई भी दिक्कत नहीं होती है। अगर बेटियों को को उनके ससुराल में हिस्सा नहीं मिला तो , मायके में तो उनका अधिकार रहेगा ही। बेटियों को शिक्षित करना बहुत जरुरी है
उत्तर प्रदेश राज्य के बहराइच जिला से प्रिया सिंह ने मोबाइल वाणी के माध्यम से मुहम्मद आलम से बातचीत की।मुहम्मद आलम का कहना है कि वे अपने संपत्ति में अपने बहन बेटियों को हिस्सा देंगे क्योंकि वे भी इस घर का हिस्सा है ,
उत्तर प्रदेश राज्य के बहराइच जिला से प्रिया सिंह ने मोबाइल वाणी के माध्यम से विनोद कुमार पांडे से बातचीत की। बातचीत में विनोद कुमार पांडे का कहना है कि महिलाओं को संपत्ति में समान अधिकार मिलना चाहिए लेकिन उन्हें शादी के बाद ससुराल में मिलना चाहिए। क्योंकि बेटियां शादी कर के ससुराल जाती हैं वहां पर देख रेख करती हैं तो उन्हें हिस्सा मिलना ही चाहिए
उत्तर प्रदेश राज्य के बहराइच जिला के हजूरपुर प्रखंड से विशाल सिंह ने मोबाइल वाणी के माध्यम से शोभा राम से साक्षात्कार लिया। शोभा राम ने बताया कि महिलाओं को भूमि में बराबर का अधिकार दिया जा सकता है। शोभा राम ने बताया की वो अपनी बेटी को पढ़ाना चाहते है। शिक्षित महिलाओं को सभी तरह की जानकारियां प्राप्त होती है। महिलायें जब अपने घरो से बाहर निकलेंगी तभी जागरूक और जानकार हो पाएंगी
उत्तर प्रदेश राज्य के बहराइच जिला के रुपईडीह प्रखंड से विशाल सिंह ने मोबाइल वाणी के माध्यम से सुनील कुमार पांडे से साक्षात्कार लिया। सुनील कुमार पांडे ने बताया कि सरकार महिलाओं को भूमि में बराबर का हिस्सेदार मान रही है और जब सरकार ये बात मान रही है तो, हमें भी इस बात को मानना चाहिए। और महिलाओं को भूमि के बराबर का हिस्सा देना चाहिए। महिलाओं को समाज में सशक्त बनाना चाहिए। महिलायें हर क्षेत्र में आगे चल रही है, बेटियों को शिक्षित करना चाहिए और बेटियां शिक्षा के क्षेत्र में भी अच्छा कर रही है। सरकार ने महिलाओं के कल्याण के लिए बहुत सारी योजनाए चला रहे है। शिक्षा में बेहतर प्रदर्शन करने वाले छात्रों को सरकार निशुल्क शिक्षा प्रदान कराती है। आज के समय में महिलाएं हर क्षेत्र में आगे बढ़ रही है
उत्तर प्रदेश राज्य के बहराइच जिला के हजूरपुर प्रखंड से विशाल सिंह ने मोबाइल वाणी के माध्यम से सूरज तिवारी से साक्षात्कार लिया। सूरज तिवारी ने बताया कि बेटियों को शिक्षित करना बहुत जरुरी है। महिलाओं को भूमि में बराबर का अधिकार मिलना चाहिए
उत्तर प्रदेश राज्य के बहराइच जिला के पयागपुर प्रखंड से विशाल सिंह ने मोबाइल वाणी के माध्यम से अलख निरंजन से साक्षात्कार लिया। अलख निरंजन ने बताया कि महिलाओं को भूमि में बराबर का अधिकार मिलना चाहिए। बेटियों को शिक्षित करना बहुत ही जरुरी है। अशिक्षित महिलाओं को जागरूक किया जाना चाहिए। अशिक्षित महिलायें जब शिक्षित महिलाओं के साथ रहेंगी, तभी जागरूक हो पाएंगी
उत्तर प्रदेश राज्य के बहराइच जिला के पयागपुर प्रखंड से विशाल सिंह ने मोबाइल वाणी के माध्यम से राम शंकर वर्मा से साक्षात्कार लिया। राम शंकर वर्मा ने बताया कि महिलाओं को सुविधा दिया जाना चाहिए। बेटियों को शिक्षित करना बहुत ही जरुरी है , बेटियों को पढ़ना भी है और आगे भी बढ़ने देना है। ऐसा भी जरुरी नहीं है की, महिला और पुरुष जब साथ मिलकर काम करेंगे तभी देश का विकास हो सकेगा। महिलाओं का जागरूक होना सबसे जरुरी है। पढ़ी लिखी महिलाओं का अधिकार है की वो घर से बाहर निकलकर कार्य करे। महिलाओं का सम्मान करना भी जरुरी है, महिलायें अपने घरो से बाहर निकलेंगी तभी उन्हें समझदारी आएगी। महिलाओं को घरो से बाहर निकलने दिया जाना चाहिए और उन्हें शिक्षित किया जाना चाहिए। सरकारबेटियों के लिए बहुत सारी सुविधाएं दे रही है। सभी महिलायें एक जैसी नहीं होती और सबकी सोच एक जैसी नहीं होती
