भारतीय दक्षिण-पश्चिम मॉनसून जो भारत में फसल के लिए अहम है। इसकी शुरुआत केरल से होती है, जो गर्म और शुष्क मौसम को बरसात के मौसम में बदल देता है। जैसे-जैसे मॉनसून उत्तर की ओर बढ़ता है, कई इलाकों में पड़ रही चिलचिलाती गर्मी से लोगों को राहत महसूस होती है।विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।
आए दिन सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर कुछ ना कुछ ऐसी खबरें वायरल होती है, जो लोगों के अंदर भ्रम पैदा करती है। अब ऐसी ही एक न्यूज तेजी से फैल रही है, जिसमें दावा किया जा रहा है कि देश में 10 दिन के लिए सब कुछ बंद होने वाला है।आज के दौर में कोई भी सोशल मीडिया पर सामने आने वाली किसी भी न्यूज़ या फिर वायरल वीडियो पर भरोसा कर लिया जाता है। विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।
ग्लोबल वार्मिंग का एक और प्रभाव झारखंड में देखने को मिल रहा है। मार्च-अप्रैल में पड़ी भीषण गर्मी की वजह से झारखंड के घाटशिला के लोग एक ऐसी मक्खियों का सामना करने को मजबूर हैं कि उससे बचने के लिए उन्होंने पूरी रात ही नहीं बल्कि दिन भर मच्छरदानी का सहारा लेना पड़ रहा है।विस्तार पूर्वक जानकारी के लिए क्लिक करें ऑडियो पर और सुनें पूरी खबर।
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भारत में लगातार कोविड-19 के सक्रिय मामलों में गिरावट दर्ज की गई है। आज यानी 14 मई 2023 को सक्रिय मामलों की संख्या 15,515 के आसपास बनी हुई है। 13 मई 2023 की सुबह आठ बजे केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय द्वारा जारी आंकड़ों के मुताबिक देश में सक्रिय मामलों की संख्या 16,498 थी, जबकि 12 मई को इनकी संख्या 18,009 दर्ज की गई थी। केरल अभी भी सक्रिय मामलों के मामले में सबसे ऊपर है।इस खबर को सुनने के लिए ऑडियो पर क्लिक करें।
मोका चक्रवात 13 मई को बंगाल की खाड़ी से टकरा चुका है। मौसम विज्ञानियों और जलवायु वैज्ञानिकों ने कहा कि यह साल 1982 के बाद मई के महीने में बंगाल की खाड़ी से टकराने वाला सबसे तेज गति का चक्रवात है। इसकी तीव्रता 260 किमी प्रति घंटे थी, जिसकी वजह से बांग्लादेश और म्यांमार के तटों पर भारी नुकसान हुआ। इससे पहले साल 1997 में बंगाल की खाड़ी से एक चक्रवात 212 किलोमीटर की रफ्तार से टकराया था। वहीं साल 2020 में अम्फान चक्रवात 265 किलोमीटर की रफ्तार से बंगाल की खाड़ी से टकराया था। इस चक्रवात में कम से कम तीन लोगों के मारे जाने की सूचना मिली थी, क्योंकि चक्रवात ने बांग्लादेश में दुनिया के सबसे बड़े शरणार्थी शिविर को पार करने के लिए तैयार किए गए रास्ते पर लैंडफॉल बना दिया था, जो लगभग एक लाख रोहिंग्याओं का घर था, जो सालों पहले पड़ोसी म्यांमार से भाग गए थे। व्यापक विनाश की आशंका पर सुरक्षा की टीमों ने बांग्लादेश और म्यांमार से सैकड़ों हजारों लोगों को सुरक्षित निकाला। भारतीय उष्णकटिबंधीय मौसम विज्ञान संस्थान के जलवायु वैज्ञानिक रॉक्सी मैथ्यू कोल ने कहा कि वर्ष 2008 में चक्रवात नरगिस की तीव्रता 215 किमी प्रति घंटे की थी। यह म्यांमार से टकराने वाली सबसे खराब मौसम संबंधी आपदा थी। चक्रवात मोका ने अब वैश्विक एजेंसियों के अनुसार 260 किमी प्रति घंटे की अधिकतम हवा की गति प्राप्त कर ली है, जो सुपर साइक्लोन श्रेणी के अंतर्गत आता है।
मेरी भी आवाज़ सुनो कार्यक्रम के अंतर्गत इस कड़ी में किसान क्रेडिट कार्ड योजना के बारे में विस्तृत जानकारी दी गई।भारत सरकार ने छोटे और मध्यम वर्ग के किसानों की आर्थिक जरूरतों को पूरा करने के लिए किसान क्रेडिट कार्ड योजना के तहत लोन देने की शुरुआत की है .अधिक जानकारी के लिए ऑडियो पर क्लिक करें।
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