ब्राजील में 90हजार लोगों पर एक शोध हुआ है जिसमें पाया गया है कि जिन लोगों में फ्लू का टीका लगा था उनमें को व्हाट्सएप रितु दर 30 से 35% कम थी वहीं कई अन्य शोध कहते हैं कि फ्लू वैक्सीन अक्सर इनफ्लुएंजा वायरस में तो काम करती है लेकिन नोन इन ब्लेंडर रेस्पिरेट्री लेस में उतनी कारगर नहीं है इसलिए इस वक्त फ्लू वैक्सीन कितनी कारगर है है कहना मुश्किल है लेकिन हां है जरूर कह सकते हैं कि अगर फ्लू की वैक्सीन आंबा रस से दूर रखती है तो कहीं ना कहीं कोरोना के वायरस से बचने का प्रतिशत बढ़ा सकती है।
