बेरोजगारी एक अभिशाप है और इसके कारण आर्थिक वृद्धि बाधित होती है समाज में अपराध और हिंसा में वृद्धि होती है और सबसे बड़ी बात यह है कि वहां बेरोजगार व्यक्ति को अपने अस्तित्व के विकास के लिए संघर्ष में रहते हुए अपने घर और बाहर के लोगों के द्वारा मानसिक रूप से प्रताड़ित होने के लिए विवश कर देती है बेरोजगारी से निपटने के लिए जरूरत है व्यवहारिक और व्यवसायिक व्यवसायिक रोजगार उन्मुख शिक्षा पर ध्यान केंद्रित करके स्वरोजगार निजी उद्योगों और व्यवसाय को प्रारंभ करने की।
ग्रामीण क्षेत्र के लिए अनेक रोजगार उन्मुख की योजनाएं चलाई जाने के बावजूद रोजगारी की समस्या का पूर्ण का समाधान नहीं हो पा रहा है एसएससी के कई कारण है कभी-कभी योजनाओं को तैयार करने की दोषपूर्ण प्रक्रिया जिसके कारण क्रियान्वयन ठीक से नहीं हो पाता है या ग्रामीणों के अनुकूल नहीं हो पाने के कारण भी योजनाएं कारगर साबित नहीं हो पाती है इसके समाधान के लिए हमें स्वयं भी कहीं न कहीं प्रयास करना होगा और अपने दायरे से बाहर निकल कर एक आत्मनिर्भर बनाने के लिए हमें सरकार को प्रदान करना होगा
संस्कृति की अस्मिता की बात इतनी ही करें परंतु परंपराओं का अवमूल्यन हुआ है आस्थाओं का क्षरण हुआ है कड़वा सच तो यह है कि हम बौद्धिक दासता स्वीकार कर रहे हैं पश्चिम के सांस्कृतिक उपनिवेश बन रहे हैं और हमारी संस्कृति अनुकरण की संस्कृति है हम आधुनिकता के झूठे प्रतिमान अपनाते जा रहे हैं इसके लिए हमें पुणे एक बार स्वयं का और स्वयं की मानसिकता का अवलोकन और आकलन करना होगा ताकि हम अपनी संस्कृति अस्मिता को बनाए रख सकें
Transcript Unavailable.
Transcript Unavailable.
मध्यप्रदेश राज्य के खंडवा जिला के गुजरबाड़िया से निशा ने मोबाइल वाणी के माध्यम से बताया कि, उनका आधार कार्ड अपडेट नहीं हो रहा है। इसके लिए उन्हें सहायता चाहिए।
Transcript Unavailable.
मध्यप्रदेश राज्य के खंडवा जिला के निवासी विवेक नीरज ने मोबाइल वाणी के माध्यम से बताया कि दिनांक 24/03/2022 को उनके द्वारा निष्ठा स्वास्थ्य वाणी पर एक समस्या रिकॉर्ड करवाया गया था। जिसमे उन्होंने बताया था कि उनका श्रमिक कार्ड नहीं बन रहा है। जिसके बाद मोबाइल वाणी के संवाददाता पवन ने इस खबर को सुना और सी एस सी सेंटर के माध्यम से इनका श्रमिक कार्ड बनवा दिया है । समस्या का समाधान होने से विवेक बहुत खुश है और निष्ठा स्वास्थय वाणी को धन्यवाद दे रहे है।
क्रोध कम करने के लिए बालकों के अंदर सहयोग की भावना को बढ़ाना चाहिए और जब उसका क्रोध शांत हो जाए तो तर्क करके विश्वास दिलाना चाहिए कि उसका क्रोध अनुचित था बालक को क्रोध करने पर दंड देना अनुचित होता है कठोरता का प्रयोग करने से बचें और ऐसा प्रयोग करें जिससे उसका क्रोध शांत हो बिना वजह की रोक दो खेल कार्य में अनुचित बाधा डालने से भी हमें बचना चाहिए ताकि बचपन में ही उसके क्रोध को नियंत्रित करके उसके व्यवहार को बदला जा सके बादल बालक की ईर्ष्या की भावना को सहयोग की भावना में भी बदलने का प्रयास करना चाहिए
वर्कप्लेस पर अगर विवाद की स्थिति बनती है तो हमें गुस्से पर कंट्रोल रखना चाहिए जिन से विवाद हुआ है उनसे शांतिपूर्ण तरीके से बातचीत की जानी चाहिए और विवाद के बारे में अन्य कर्मियों से बताने से भी बचना चाहिए साथ ही विवाद के निपटारे के लिए अपने सीनियर्स के पास जाना चाहिए और जो विवाद से जुड़ी बातें हैं उन्हें समझदारी से सीने उसको बताना चाहिए ताकि उसका हाल भी उतनी ही जल्दी निकल सके
