बच्चों में एक ही लेवल बढ़ाने के लिए पेरेंट्स को चाहिए कि वह अपने इमोशंस को बच्चों के साथ साझा करें साथ ही बच्चों की भावनाओं को भी तवज्जो दें बच्चों को पूरा पूरा मौका दें कि वह अपनी बातें अपने भावनाओं को प्रकट कर सके अपने भाई बहन और दोस्तों के साथ हुए संवाद के बारे में आप से चर्चा कर सकें बच्चों से अपनी तनाव खुशी दुख उदासी चिंता जैसे मामू के बारे में भी बात करें बच्चों को तरह-तरह के भावों से परिचित करवाएं और उनसे अपने भाव शेयर करें इसी से उनका भावनात्मक बुद्धि का स्तर विकसित होता है