लोक आस्था का महापर्व छठ को लेकर सभी जगह गुलजार दिख रहा है। वह इस पर्व में मिट्टी के चूल्हे का विशेष महत्व होता है लेकिन अब यह चूल्हा विलुप्त होती जा रही है। लेकिन छठ महापर्व में इसकी खासी अहमियत होती है। पहले गांव की बुजुर्ग महिलाएं इन चूल्हों को बनाने में महारत हासिल कर रखी थी, लेकिन नए युग के लोगों में बहुत ही कम लोग ऐसे होंगे जो इस चूल्हे को बना पाते होंगे. आज भी बुजुर्ग महिलाएं छठ पर्व में छठी मैया के लिए बनने वाले प्रसाद स्वरूप पकवान के लिए इन मिट्टी के चूल्हों का निर्माण करती हैं। जिसको शहर में ले जाकर बेचती भी है। कई जगह पर मिट्टी के चूल्हे बाजार में बिक्री हो रहा है वही तो कई महिलाएं अपने घर पर ही मिट्टी के चूल्हे बनती है।इस खबर को सुनने के लिए ऑडियो पर क्लिक करें।
