जिला धनबाद के तोपचांची प्रखंड से रूपक महतो ने झारखण्ड मोबाइल वाणी को बताया कि 31 तारिक तक खेडा-बेडा के किसानो का रोपनिये हो जाता था लेकिन अब तक बारिस नहीं होने के कारण किसान बहुत परेशान हो रहे है.सरकार की ओर से भी इस समस्या पर किसी तरह की सहायता नहीं मिल रही है.किसानो का कहना है की यदि बांध बना कर पानी को खेतो में दिया जाए तो कम से कम 30,40 हेक्टीयर भूमि पर धान का रोपनिये किया जा सकता है. लेकिन सरकार या अधिकारियो द्वारा भी किसी प्रकार का ध्यान नहीं दिया जा रहा है अत:झारखण्ड सरकार को कहना चाहते है की ऐसी कोई योजना दिया जाए जिससे किसान खेती कर सके.