बिहार राज्य के नालंदा जिला के हरनौत प्रखंड से ममता देवी जीविका मोबाइल वाणी के माध्यम से बताती हैं की समूह से जुड़ कर किस प्रकार उन्होंने अपनी जिंदगी में बदलाव लाया।इन्होंने बताया की पहले इनके पास आजीविका के लिए कुछ भी साधन नहीं था।समूह से जुड़ने के बाद इन्होने 50 हज़ार रूपये की राशि लोन के रूप में ली और फिर उन पैसों से मोटर चक्की खरीद कर मिल चलाया।मिल से जो भी कमाई हुयी, उन्होंने उसे लोन की राशि चूका दी।इसके बाद फिर उन्होंने 15 हज़ार की राशि लोन ली जिससे वो गाय खरीदी और फिर दूध बेच क्र के उस लोन की राशि को भी जमा कर दिया।इस तरह से वो समूह की मदद से अपने आय के साधन को बढ़ाया।इसके साथ ही और भी लोगों को समूह से जुड़ने का संदेश दिया।जिससे वो भी समूह की सहायता से अपने आजीविका के लिए कुछ सोच सकें