शेखपुरा जिला में जिला अधिकारी इनायत खान के निर्देशानुसार सामाजिक सुरक्षा कोषांग के द्वारा विश्व ऑटिज्म जागरूकता दिवस के अवसर पर प्रभातफेरी का आयोजन किया गया। प्रभात फेरी के द्वारा सभी उपस्थित पदाधिकारी ,कर्मियों एवं बच्चों को बुनियाद केंद्र में कार्यरत थे ,रेपिस्ट एवं शिक्षा विभाग के रिसोर्स टीचर द्वारा ऑटिज्म के बारे में जानकारी दी गई। बताया गया कि यह एक न्यूरोडेवलपमेंट विचार है जिससे बच्चों का संज्ञयात्मक,भावनात्मक ,व्यक्तिगत, सामाजिक और संप्रेषण विकास को प्रभावित होता है। इससे ग्रसित होने वाले बच्चे अपने आप में खोए रहते हैं तथा सामाजिक मुख्यधारा से बिल्कुल ही अपरिचित एवं अंजान बने रहते हैं । ऐसे बच्चों को अपनाने की आवश्यकता है तथा उन्हें हीन भावना से नहीं देखा जाए ऐसा संकल्प लिया गया।सोनी कुमारी एसडीसी ने संबोधित करते हुए कहा कि ऑटिज्म समाज में अवस्थित रूढ़िवाद को तोड़ने की आवश्यकता है ।ऐसे बच्चे जो इस विकार से ग्रसित हैं उनको प्यार और अपनापन की आवश्यकता होती है। ऐसे बच्चे सामान्य बच्चों की तरह कार्य नहीं कर पाते अतः इन्हें चिन्हित कर सही उपचार करना जरूरी है। विस्तृत जानकारी के लिए ऑडियो पर क्लिक करें।
