बगोदर बस पड़ाव में झारखंड आंदोलनकारी संघर्ष मोर्चा के बैनर तले रविवार को झारखंड आंदोलनकारियों ने पांच सूत्री मांगों को लेकर एक दिवसीय उपवास धरना प्रदर्शन किया। उपवास धरना कार्यक्रम में लोगों ने बताया कि झारखंड में अंग्रेजों के खिलाफ उलगुलान करने वाले जननायक शहीद बिरसा मुंडा की जयंती और झारखंड का स्थापना दिवस है झारखंड अलग राज्य की लड़ाई आंदोलनकारियों ने जेल की यातनाएं झेल कर अपने ज्ञान की कीमत पर अलग राज्य हासिल किया पिछले 20 वर्षों से आंदोलनकारियों अपनी मांगों के प्रति मौजूदा हुकूमत के समक्ष अपनी महत्वपूर्ण मांगों को रख रहे हैं लेकिन राज्य की हुकूमत इस पर गंभीर नहीं है इसी कड़ी में आज न सिर्फ  बगोदर प्रखंड इकाई बल्कि संपूर्ण झारखंड के सभी प्रखंड मुख्यालयों में एक दिवसीय उपवास एवं धरना कार्यक्रम आयोजित कर महत्वपूर्ण मांगों से राज के हुकूमत को अवगत कराया।मांगों में  झारखंड आंदोलनकारियों को चिन्हित करते हुए स्वतंत्रता सेनानियों का दर्जा देना सुनिश्चित किया जाए झारखंड आंदोलनकारियों के अलावा संपूर्ण परिवार को निशुल्क चिकित्सा शिक्षा एवं बिजली पानी मुहैया सुनिश्चित किया जाए आंदोलनकारियों को पेंशन की सुविधा सुनिश्चित किया जाए संपूर्ण राज्य के अंदर बसों में या फिर ट्रेनों में निशुल्क यात्रा सुविधा सुनिश्चित किया जाए आंदोलनकारियों को मरणोपरांत राजकीय सम्मान से सम्मानित करना सुनिश्चित किया जाए शामिल है। मौके पर रूपलाल महतो मुमताज अंसारी समीम आजम टहल महतो बालेश्वर प्रसाद वंशी रविदास सोबरण रविदास मोहम्मद जाहिर खगेंद्र महतो प्रयाग साव बलराम चौरसिया समसुल खान टेको महतो एकराम मंगर कोल नेहरू कोल इकराम अंसारी एहसान अहमद फुल चंद्र महतो सुरेंद्र महतो दिनेश्वर रविदास समेत कई लोग शामिल थे।