बिष्णुगढ,बगोदर,डुमरि और गोमियां प्रखंड के आस पास क्षेत्रो की एक के बाद एक लगातार हो रही प्रवासी मजदूरों की मौत का शिलशिला नहीं थम रहा हैं।विदेशो व महानगरों में लगातार प्रवासी मजदूरों की हो रही मौत से प्रवासी मजदूरों सहित उनके परिजन चिंतित हैं।हजारीबाग जिले के बिष्णुगढ थाना क्षेत्र के हेटली बोदरा के प्रवासी मजदूर 31 वर्षीय मनोज यादव पिता बढन यादव की मौत मुंबई में काम के दौरान बिजली के करंट लगने से रविवार को मौत हो गयी।इसकी सूचना मिलते ही परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल हो गया हैं।मनोज यादव मुम्बई के भिवंडी ठाणे में गोधेनू फ्रेश डेयरी फार्म में पैकिंग का काम करता था।वह अपने पीछे पत्नी रीता देवी,पुत्री पीयू कुमारी(08),माही कुमारी(04) व पुत्र रचित यादव(03) को छोड़ गया।वहीं इस घटना को लेकर प्रवासी मजदूरों के हितार्थ में कार्य करने वाले समाजसेवी सिकन्दर अली ने इस दुःखद को घटना को लेकर संवेदना प्रकट करते हुए कहा कि हजारीबाग, बोकारो व गिरिडीह जिले के नौजवानों की मौत के मुंह में समा जाने की यह पहली घटना नहीं है। इससे पहले भी कई लोगों की मौत देश से लेकर विदेशो में हो चुकी है।आज लगभग एक महीने से गिरिडीह जिले के बगोदर थाना क्षेत्र अंतर्गत घाघरा के गोविंद महतो का शव दोहा कतर में पड़ा है।ऐसे में परिवार अंतिम दर्शन के लिए इंतजार कर रहे है। मनोज यादव का शव मुंबई से पैतृक गाँव लाने के लिए हरसंभव मदद करने का प्रयास किया जा रहा है।वही दूसरी ओर कंपनी को दवाब बनाकर मुआवजा दिलाने की बात की जा रही है।
