उत्तरप्रदेश राज्य के मौ जिला से सुरेन्द्र यादव ने मोबाइल वाणी के माध्यम से बताया कि अगर कंपनियां अपनी दर की पुष्टि करके बेचती हैं और दुकानदार उस दर पर बेचता है , तो यह एक अच्छा सौदा है । तो हम अपनी उपज को बिना किसी कीमत के क्यों बेचें , किसान ऐसा क्यों करे , किसान को भी कीमत क्यों चुकानी पड़े , किसान ने भी मेहनत की है , तो वह जो चाहे उसका उत्पादन करे ? अगर किसान ने अपनी उपज खुद पैदा की है तो उसका दाम किसान को दिया जाना चाहिए , किसान को भी निर्णय लेने का अधिकार होना चाहिए और एम . एस . पी . को लागू किया जाना चाहिए । जिस तरह से एक कंपनी कोई भी उत्पाद बनाती है , उसे उसकी कीमत तय करने का पूरा अधिकार है , इसलिए अगर एम . एस . पी . लागू हो जाती है , तो किसानों को उनका उचित मूल्य जरूर मिलेगा और ऐसा नहीं है । अगर ऐसा होता है , तो किसानों को बहुत नुकसान होता है , साथ ही जब उपज बहुत अधिक होती है , तो किसानों को उनकी कीमत भी नहीं मिलती है , इसलिए ये सभी संभावनाएं हैं । ये सभी नुकसान हैं जिनसे किसान बच सकेंगे और सरकार को जल्द से जल्द इसे सुनना चाहिए और इस पर ध्यान देना चाहिए ।
