मोबाइल वाणी के माध्यम से मऊ जिले के शमसीर आलम ने बताया की एक समय आंदोलनकारियों का निशाना बन गया इंदारा रेलवे स्टेशन| जानकारी के अनुसार जनपद महू घोंसी के लोग स्वतंत्रता सेनानियों के लिए कुछ कर गुजरने की चाह रखते थे | 21 अगस्त को रामलखन सिंह श्याम नारायण सिंह अवध नारायण सिंह के नेतृत्व में आंदोलनकारियों ने सैम, दाम, दंड, भेद सब अपना लिया था । क्रांतिकारियों के एक जत्थे ने मऊ के प्ले डी स्टेशन के बीच रेलवे लाइनों और को उखाड़ फेंका था , जिससे रेल यातायात और संचार पूरी तरह से बाधित हो गया था । 17 अगस्त को आंदोलनकारियों ने 22 इंडोरा स्टेशन को ूंखड फेका था । ब्रिटिश पुलिस द्वारा चलाई गई गोलियों से तीन क्रांतिकारी मौके पर ही मारे गए । कई और घायल हो गए , जिसके बाद क्रांतिकारियों का आंदोलन तेज हो गया और ब्रिटिश शासन हिल गया ।