काशी कला कस्तूरी की ओर से आयोजित कार्यक्रम 'जीना इसी का नाम है' में एसिड अटैक सर्वाइवर दिल्ली की शाहीन मलिक ने आपबीती सुनाई। रविवार को हुए ऑनलाइन आयोजन में उन्होंने डॉ. शबनम से साक्षात्कार शैली में संवाद किया। कहाकि अपनी हिम्मत हर हाल में बनाए रखना जरूरी है। उन्होंने कहाकि कई लोग एसिड अटैक के बाद टूटने की जगह और - मजबूती से खड़े हुए। ऐसे लोगों से उन युवाओं को प्रेरणा लेनी चाहिये जो छोटी-छोटी परेशानियों से घबराकर खुदकुशी की बात सोचते हैं। शाहीन मालिक ने बताया कि एसिड अटैक से उनका चेहरा बुरी तरह झुलस गया। एक आंख की रोशनी चली गई, वह टूटने की जगह और मजबूत बन कर उठ खड़ी हुई। शाहीन मलिक ने एसिड अटैक सर्वाइवर के लिए ब्रेव सोल्स फाउंडेशन बनाया।
