किशनगंज जिले में बदलते मौसम में डायरिया से पीड़ित मरीजों की संख्या में बढ़ी है। अस्पतालों में डायरिया, वायरल बुखार, सर्दी-जुकाम के मरीजों की संख्या में लगातार वृद्धि देखी जा रही है।बच्चों में डायरिया के लक्षण दिखते ही उसके घरवालों को सजग हो जाना चाहिए। प्राथमिक उपचार के रूप में ओआरएस का घोल दिया जा सकता है जिससे निर्जलीकरण की स्थिति से बचा जा सके।
