बिहार राज्य के जिला मधुबनी के रहिका प्रखंड से संजना कुमारी मोबाइल वाणी के माध्यम से कविता प्रस्तुत कर रही है जिसमें उनका कहना है कि देखो कोयल काली है,पर मीठी है इसकी बोली.इसने ही तो कूक–कूक कर,आमों में मिसरी घोली,कोयल कोयल सच बतलाओ,क्या संदेशा लाई हो।
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बिहार राज्य के जिला मधुबनी के रहिका प्रखंड से संजना कुमारी मोबाइल वाणी के माध्यम से शीर्षक छोटी सी चीज पर आधारित कविता प्रस्तुत कर रही है जिसमें उनका कहना है कि छोटी सी हूँ फिर भी बड़े काम की मानी जाती,सदा समय के पावन दिन रखना सब को सिखलाती है।कभी जेब पर है ठुमकती तो कभी कलाई पर बंध जाती है।कभी मेज पर बैठ ठाठ से टिक टिक राग सुनाती है।
बिहार राज्य के मधुबनी जिला से संजना जी मोबाइल वाणी के माध्यम से गर्मी पर आधारित एक कविता प्रस्तुत कर रही है जिसका शीर्षक है सूरज तपता धरती जलती। इस कविता के माध्यम से वह बताना चाह रही है कि गर्मी में सूरज बहुत ज्यादा तप्ता है और धरती जलती है लोगो के तन से पसीना निकलता है और लोगो के हाथो में पंखा रहता है।
बिहार राज्य के जिला सुपौल से संजना कुमारी मोबाइल वाणी के माध्यम से गर्मी को लेकर शीर्षक सूरज तपता धरती जलती पर आधारित कविता प्रस्तुत कर रही है जिसमें उनका कहना है कि सूरज तपता, धरती जलती गरम हवा जोरों से चलती। तन से बहुत पसीना बहता, हाथ सभी के पंखा रहता।इस बढ़ती गर्मी में अब तक वर्षा की दो-चार बूंदे भी नहीं पड़ी है।जिसकारण गर्मी अत्यधिक बढ़ गई है।
