नमस्कार मध्यप्रदेश मोबाइल वाणी पर मैं शुभम महाराष्ट्र के औरंगाबाद जिले से बात कर रहा हूँ पूर्णरूप से दृष्टिहीन छात्र बात कर रहा हूँ मैं आठवीं कक्षा में पढता हूँ एक गाना प्रस्तुत है आप सब के लिए दहलीज से तेरे हो कर जो रखे है तूने कदम तेरे नाम पे मेरी ज़िन्दगी लिख दी मेरे हमदम हाँ सीखा मैंने जीना जीना कैसे जीना हाँ सीखा जीना जीना मेरे हमदम ना सीखा कभी जीना जीना ना सीखा जीना तेरे बिना हमदम ओ ओ ओ ओ ओ सच्ची है ये तारीफें दिल पे जो मैंने भरी है तेरे लिए ही बानी है दुनिया मेरी हमदम। आसमां मिला ज़मीन मिली आगे आगे पीछे है हमदम तेरे नाम पे मेरी ज़िन्दगी लिख दी मेरे हमदम हाँ सीखा मैं ने जीना जीना कैसे जीना हाँ सीखा मैंने जीना जीना मेरे हमदम ना सीखा मैं ने जीना