महाराष्ट्र राज्य से नरेंद्र हरारी मोबाइल वाणी के माध्यम से एक कहानी प्रस्तुत किया है ,कहानी का शीर्षक- भीम का गर्व है "इस कहानी के द्वारा उन्होंने बताया है,कि एक बार महाबली भीम को अपनी शक्ति पर गर्व हो गया था ,उनको लगता था की उनके समान कोई यौद्धा नहीं है। भीम को अपनी गलती का एहसास हो गया। इस कहानी से हमें ये पता चलता है, कि हमें किसी बुरी शक्ति या किसी भी चीज़ का गर्व नहीं करना चाहिए
