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झारखंड राज्य के जिला बोकारो के प्रखंड नावाडीह से जे एम रंगीला जी मोबाइल वाणी के माध्यम से मोबाइल वाणी पर प्रसारित खबर का हुआ असर के बारे में बताते है, कि बोकारो जिला के नावाडीह प्रखंड के सदर गांव में अविभाजित बिहार से 1960 में किसानो से भूमि अधिग्रहित कर 25 एकड़ क्षेत्र में बीज गुणन प्रक्षेत्र स्थापित किया गया था। उस भूमि में आज की तारीख में कई लोगों द्वारा अवैध रूप से कब्ज़ा कर मकान,दुकान तथा झामुमों का कार्यालय खोल दिया गया। इस संबंध में 10-03-2019 को "औचित्य से भटक कर रह गया है बीज गुणन प्रक्षेत्र" शीर्षक के साथ खबर प्रसारित किया गया। ततपश्चात इस खबर को झारखंड के कृषि मंत्री,मुख्य मंत्री सहित तमाम अधिकारी तक पहुंचाया गया। इस खबर का इतना व्यापक असर हुआ की अंचलाधिकारी अंगारनाथ स्वर्णकार ने झामुमों कार्यालय से झंडा को उतरवाया, दीवारों में लिखे नारा स्लोगन को मिटाया और कहा कि उक्त भूमि का कागजात पेश करें तभी कार्यालय खोलने की इजाजत दी जाएगी। ये हैं बोकारो मोबाइल वाणी में प्रसारित खबर का असर।

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उत्तर प्रदेश राज्य के जखनिया प्रखंड से मनोज यादव और इनके साथ अमन यादव हैं, वे गाजीपुर मोबाइल वाणी के माध्यम से बताते हैं कि उन्हें सोलर पम्प के बारे में पहले से कोई जानकारी नहीं थी। लेकिन गाजीपुर मोबाइल वाणी पर चल रहे कार्यक्रम के द्वारा इसके बारे में जानकरी मिली, कि किस तरह से इसका लाभ लेने के लिए आवेदन किया जाता है और कौन-कौन से कागजात की आवश्यता होती है। उन्होंने यह भी बताया कि सोलर पम्प के इस्तेमाल से किसानों की आर्थिक स्थिति में सुधार और खेती कार्य करने में मदद मिलेगी।और सही समय पर किसान खेती कार्य पूरा कर सकेंगे। यह सभी जानकारी गाजीपुर मोबाइल वाणी के माध्यम से प्राप्त हुई है, इसके लिए मोबाइल वाणी और मनोज यादव को धन्यवाद देते हैं।

उत्तर प्रदेश राज्य के जखनिया प्रखंड से मनोज यादव और इनके साथ अमित यादव हैं, वे गाजीपुर मोबाइल वाणी के माध्यम से बताते हैं कि सोलर पम्प योजना के बारे में पहले कोई जानकारी नहीं थी। लेकिन गाजीपुर मोबाइल वाणी के माध्यम से सोलर पम्प के बारे में कई जानकारी मिली। साथ ही इसका लाभ लेने के लिए कौन-कौन सी प्रक्रिया है और किन-किन दस्तावेजों की आवश्यता होती है, इसकी जानकारी प्राप्त हुई। उन्होंने यह भी बताया कि सोलर पम्प के इस्तेमाल से लोगों की आर्थिक स्थिति में सुधार और खेती कार्य करने में मदद मिलेगी। यह सभी जानकारी गाजीपुर मोबाइल वाणी के माध्यम से प्राप्त हुई है, इसके लिए मोबाइल वाणी और मनोज यादव को धन्यवाद देते हैं।

उत्तर प्रदेश राज्य के जखनिया प्रखंड के जफरपुर गांव से अमरजीत और इनके साथ काली चरण हैं जो किसानी का कार्य करते हैं। वे गाजीपुर मोबाइल वाणी के माध्यम से बताते हैं, कि दिन में दो से तीन बार गाजीपुर मोबाइल वाणी को सुनते हैं। उन्होंने बताया की गाजीपुर मोबाइल वाणी के माध्यम से सोलर पम्प के बारे में जानकारी मिली जो काफी लाभकारी है।साथ ही सहभागी फसल निगरानी एवं निदान प्रणाली जो सरकार द्वारा जारी की गई किसानो के लिए एक योजना है। इसमें दो और तीन हार्सपावर वाले पंपों पर 75 प्रतिशत और पांच हार्सपावर वाले सोलर पंप पर 50 प्रतिशत अनुदान लाभार्थी को दिया जा रहा है। इससे किसानों को काफी लाभ मिलेगा उन्हें बिजली का भुगतान नहीं करना पड़ेगा,किरासन तेल खरीदना नहीं पड़ेगा ऐसी कई सारी चीजों से किसानों को छुटकारा मिलेगा। सोलर पम्प का इस्तेमाल किसान अपने जरुरत के अनुसार ही कर पाएंगे और फसल बर्बाद होने से बचा पाएंगे। यह सभी जानकारी मोबाइल वाणी के माध्यम से प्राप्त हुई इसके लिए मोबाइल वाणी को धन्यवाद देते हैं।

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केंद्र सरकार द्वारा फरबरी 2019 में घोषित अंतरिम बजट के अनुसार 02 हेक्टेयर से कम जामिन वाले किसानों को 2000 रूपये के 03 क़िस्त से वर्ष में 6000 की राशी किसानों के आर्थिक सहायता के लिए उनके बैंक खाते में देगी I सरकार इस योजना के तहत किसानों को चुनाव से पहले लाभ दिलाने के उद्देश्य से सभी राज्य सरकारों को लाभुक किसानों के चयन एवं सूचि बद्ध करने हेतु आदेश जारी कर दी है I आदेश के अनुसार योजना का लाभ किसनों को 01 दिसम्बर 2018  की तिथि से गणना किया जायेगा जबकि जमीन धारिता के लिए प्रभावी तारीख 01 फरबरी 2019 होगी I किसानों को इस योजना के प्रथम क़िस्त के लिए आधार के अलावे अन्य विकल्प जैसे की आधार एनरोलमेंट संख्या, ड्राइविंग लाइसेंस, मतदाता पहचान पत्र, मनरेगा जॉब कार्ड या केंद्र सरकार या राज्य सरकार द्वारा जारी कोई अन्य पहचान पत्र के आधार पर उनके खाते में राशी स्थानांतरित की जा सकेगी I योजना के अंतरगत सभी योग्य किसानों को लाभ मिल सके के लिए केंद्र सरकार को भेजे जाने वाले सूचि को ग्राम पंचायत में प्रकाशित करने का प्रावधान किया गया है I सरकार किसानों को इस योजना का लाभ मार्च से पहले किसानों के खाते में पहुंचा देना चाहती जिससे की आगामी लोकसभा चुनाव के आदर्श आचार संहिता का इस योजना के क्रियान्वन पर प्रभाव नहीं पड़े I 

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