बिहार से दृष्टीबाधित व्यक्ति आयुष रंजन, बोल रहें हैं की नॉट को ब्रेल में छापना चाहिए जिसे की जिन दृष्टीबाधित के पास स्मार्ट फ़ोन नहीं है वो भी आसानी से नॉट की पहचान कर सकें।