जी हां आपको बता दें कि बिहार का पारंपरिक व लोक आस्‍था का महापर्व छठ चार दिवसीय इस पर्व की शुरुआत नहाय-खाय के साथ आज शुक्रवार को हुआ! छठ व्रतियों ने स्नान करने के उपरांत चार दिवसीय छठ पर्व की शुरुआत की। सूर्योदय के साथ ही दुर्गावती नदी में व्रतियों का आना शुरू हुआ और स्नान करने के बाद सूर्य मंदिर में भगवान भास्कर का दर्शन कर पर्व की शुरुआत की। नहरों के कई घाटों पर व्रतियों को स्नान और पूजा करते देखा गया! चेनारी बाजार सहित पूरा गांव का माहौल छठ पर्व के गीत से आस्‍थामय बन गया है। शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में बड़ी संख्‍या में लोगों ने नहाय-खाय के साथ पर्व की शुरुआत की । इस मौके पर सभी घरों में अरवा चावल के भात, दाल, कद्दू और अगस्त के फूल का विशेष प्रसाद बनाया जाता है। जिसे परिवार के साथ साथ इष्ट मित्रों को भी निमंत्रण देकर प्रसाद दिया गया!