आपको बता दें कि हिंदू धर्म में भगवान विष्णु पूजा अर्चना को विधिवत तरीके से किए जाने वाला पर्व अनंत चतुर्दशी होता है इसी को लेकर आज चनारी बाजार के विभिन्न मंदिरों में पूजा पाठ जोरों पर हुई आपको बता दें कि पंडिताइन पूजा चतुर्वेदी के द्वारा बताया गया कि पौराणिक मान्यता के अनुसार महाभारत काल से अनंत चतुर्दशी व्रत की शुरुआत हुई. यह भगवान विष्णु का दिन माना जाता है. अनंत भगवान ने सृष्टि के आरंभ में चौदह लोकों तल, अतल, वितल, सुतल, तलातल, रसातल, पाताल, भू, भुवः, स्वः, जन, तप, सत्य, मह की रचना की थी. इन लोकों का पालन और रक्षा करने के लिए वह स्वयं भी चौदह रूपों में प्रकट हुए थे, जिससे वे अनंत प्रतीत होने लगे. इसलिए अनंत चतुर्दशी का व्रत भगवान विष्णु को प्रसन्न करने और अनंत फल देने वाला माना गया है. मान्यता है कि इस दिन व्रत रखने के साथ-साथ यदि कोई व्यक्ति श्री विष्णु सहस्त्रनाम स्तोत्र का पाठ करता है, तो उसकी समस्त मनोकामना पूर्ण होती है. धन-धान्य, सुख-संपदा और संतान आदि की कामना से यह व्रत किया जाता है. बातें पंडिताइन पूजा चतुर्वेदी के द्वारा बताया गया!