बता दें कि वर्ष 2019 में 37000 पदों पर निकाली गई रेलवे एनटीपीसी की भर्ती अभी तक पूरी नहीं की गई है और बता दें कि रेलवे के एक कैंडिडेट जो रेलवे का फार्म भरे थे जिनका नाम अखिलेश कुमार है यह बता रहे हैं कि या वैकेंसी वर्ष 2019 में निकाली गई थी और रेलवे मंत्रालय के द्वारा यह सूचना दी गई थी वर्ष 2019 के जून या जुलाई से एग्जाम करा लिया जाएगा और 2020 में कैंडिडेट को जॉब भी दे दिया जाएगा लेकिन रेलवे मंत्रालय ने गलत तरीके से वर्ष 2022 में रिजल्ट दिया है और वर्ष 2021 के अंतिम महीने में एग्जाम लिया था बता दें कि इससे पूर्व छात्रों ने यह भी बताया कि वर्ष 2020 में जब ट्विटर पर ट्रेंड कराया गया तो हम लोगों का एग्जाम वर्ष 2021 में लिया गया और अभी वर्ष 2022 में रिजल्ट दिया गया है अभी पूरे तरीके से धांधली किया गया है छात्रों के द्वारा बताया जा रहा है कि अगर इसी तरह से रहा तो हम छात्र रेलवे का चक्का जाम करेंगे और छात्रों के द्वारा बताया जा रहा है कि रेलवे मंत्रालय के द्वारा 20 गुना रिजल्ट रेलवे देने के लिए कहा गया था और रेलवे के द्वारा पांच से सात गुना ही रिजल्ट दिया गया है जिसे हम छात्रों को मौका नहीं मिल पाया नाही सीबीटी परीक्षा देने के लिए और ना ही जॉब पाने के लिए!