बिहार राज्य से यशवंत कुमार ने मोबाइल वाणी के माध्यम से बताया कि इस कोरोनावायरस के दौर में पढ़ने वाले बच्चे और पढ़ाने वाले हैं शिक्षक का बुरा हाल हो चुका है बच्चे यह बताते हैं कि जो हमने पिछले साल स्कूल कॉलेज कुछ दिनों के लिए खुला हुआ था उसमें जो भी पढ़ें उसको भूल चुके हैं और अब अच्छे तरीके से पढ़ाई भी निरंतर नहीं चल रहा है जिससे बच्चों से ज्यादा उनके माता-पिता परेशान हैं और रही बात शिक्षक की तो शिक्षक इतना मजबूर हो चुके हैं कि इस कोरोना की महामारी में उनका घर परिवार चलाना भी मुश्किल हो चुका है ऐसे में स्टूडेंट्स और शिक्षक का यही कहना है कि सरकार जल्द से जल्द स्कूल कॉलेज और कोचिंग संस्थानों को खोलें जिसमें 50% ही बच्चे उपस्थित हो ऐसा अनुशासन बनाया जाए ऐसा शिक्षकों का कहना है।
