जिला मधुबनी प्रखंड खजौली से रामाशीष सिंह जी मोबाइल वाणी के माध्यम से कहते है कि शिक्षक करेंगे अब लोटा की निगरानी।पता नहीं शिक्षक के भाग्य में शिक्षण के अतिरिक्त और कौन कौन से कार्य करने बाकी है।शिक्षक जनगणना ,मतगणना ,पशुगणना और बीएलओ का काम आदि तो करते ही थे पर अब उन्हें स्वच्छता अभियान के तहत खुले में शौच से मुक्ति के लिए सड़क पर जाने वाली लोटा की भी निगरानी करने का दायित्व सौंपा गया है।आज शिक्षकों की ऐसी दशा हो रही है कि आने वाले समय में बिहार की शिक्षा व्यवस्था क्या होगी उसक भगवान् ही मालिक है।
