जिला मधुबनी प्रखंड खजौली से रामाशीष सिंह जी मोबाइल वाणी के माध्यम से कहते है की बिहार राज्य के ग्रामीण क्षेत्रो में शमशान के लिए भूमि के आभाव के कारण नदी और नहरों के तटबंधे शमशान के रूप में तब्दील हो रही है।लोग इनके किनारें जब तब शवदाह कर रहे है। यह स्थिति राज्य में प्रायः सभी गावों की है।कई जगहों की शमशान की भूमि को भी अतिक्रमित कर लिया गया है ,ऐसी स्थिति में मृतक के परिवारजनों के समक्ष समस्या खड़ी हो गयी है की शवदाह कहां करे।सरकार को इस गंभीर समस्या पर विचार करना चाहिए।