शासन से फरमान है कि सभी अधिकारी अपने-अपने कार्यालय में सुबह 10:00 बजे से 12:00 तक नियमित रूप से बैठकर आम लोगों की समस्याओं को सुनेंगे। इससे आम लोगों को अधिकारी आसानी से मिल सकेंगे और उनसे अपनी समस्याएं बता सकेंगे। लेकिन कुछ भी भाग के अधिकारी अभी भी पुराने राह पर चल रहे हैं। सबसे बड़ी चीज की सीएमओ कार्यालय में समय से कोई अफसर आते ही नहीं है। मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय में कुर्सियां खाली रहती है तथा शिकायतकर्ता इधर-उधर भटकते रहते हैं।