उत्तरप्रदेश राज्य के बहराइच जिला से माधुरी श्रीवास्तव ने ब्लॉक पयागपुर तहसील पयागपुर थाना पयागपुर जिला बहराइच के स्थानीय निवासी मालती पाठक से बातचीत की। उन्होंने बताया कि महिलाओं को भूमि का अधिकार मिलना चाहिए। बेटों के समान ही बेटियों को पिता के संपत्ति में समान अधिकार मिलना चाहिए। बेटियां भी बेटों की तरह माँ -बाप की सेवा हमेशा करते हैं। इसलिए सम्पति पर बेटी -बेटा दोनों का समान अधिकार होना चाहिए।
"गांव आजीविका और हम" कार्यक्रम के तहत हमारे कृषि विशेषज्ञ कपिल देव शर्मा केला की रोपाई के लिए उपयुक्त समय के बारे में जानकारी दे रहे हैं । अधिक जानकारी के लिए ऑडियो पर क्लिक करें
दोस्तों, भारत के स्वतंत्रता आंदोलन ने महिलाओं के जीवन में क्रांतिकारी बदलाव लाया। इसने उन्हें शिक्षा, राजनीतिक भागीदारी, सामाजिक सुधार और आर्थिक सशक्तिकरण के द्वार खोलने का अधिकार दिया। आज भी, स्वतंत्रता सेनानी महिला सशक्तिकरण और समानता के लिए संघर्ष करने वाली असुविधा के लिए प्रेरणा का स्त्रोत बनी हुई हैं। लेकिन इसके बावजूद महिलाओं को भूमि अधिकार प्रदान करना न केवल न्याय और समानता का प्रश्न है, बल्कि यह हमारे समाज के पूर्ण और सही मायनो में विकास और समृद्धि के लिए भी बहुत अधिक आवश्यक है। तो दोस्तों आप हमें बताइए कि *----- महिलाओं के लिए भूमि का अधिकार मिले इसके लिए आप क्या करना चाहेंगे, आपके हिसाब से महिलाओं को भूमि का अधिकार न मिलने से पुरुषों में सबसे बड़ी अड़चन क्या है? और इसे कैसे दूर किया जा सकता है, *----- भारत के स्वतंत्रता आंदोलन से प्रभावित महिलाओं को किस तरह आगे बढ़ने की प्रेरणा मिली, और उसके समाज पर उसका क्या प्रभाव आया? *----- आपके हिसाब से महिलाओं के सशक्त होने से समाज में किस तरह के बदलाव देखने को मिल सकते हैं?
दोस्तों, कुछ ख़ास बातों का ध्यान रखकर इस गर्मी में अपने शरीर के साथ साथ घर को भी बनाएं थोडा ठंडा ठंडा, कूल कूल | कैसे? आइये इस कार्यक्रम में जानते है |
उत्तर प्रदेश राज्य के बहराइच जिला के पयागपुर से विशाल सिंह मोबाइल वाणी के माध्यम से बता रहे है की शादी के बाद पति के गुज़र जाने के बाद पत्नी का उसके संपत्ति पर पूरा अधिकार है। महिलाओं को अक्सर इस बात का डर रहता है की समाज उन्हें क्या कहेगा, यही कारण है की महिलायें घर से बाहर जाने से डरती है।
उत्तर प्रदेश राज्य के बहराइच जिला के पयागपुर से विशाल सिंह मोबाइल वाणी के माध्यम से बता रहे है की महिला सशक्तिकरण के कारण समाज में बदलाव देखे जा रहे हैं।महिलाओं का समाज में खड़ा होना जरूरी है, लेकिन अपनी मर्जी से शिक्षित महिलाएं समाज में बाहर आने से डरती हैं। अक्सर महिलाओं को बाहर जाने से रोका जाता है, उन्हें हर तरह के सवालो का सामना करना पड़ता है।
उत्तर प्रदेश राज्य के बहराइच जिला के पयागपुर से विशाल सिंह मोबाइल वाणी के माध्यम से बता रहे है की जिस तरह एक लड़के का पिता की भूमि में हिस्सा हो सकता है, उसी तरह लड़कियों का भी पिता की भूमि में हिस्सा होना आवश्यक है। महिलाओं को भी भूमि पर अधिकार लेने का हक़ है,जैसे शादी के बाद पति-पत्नी एक हो सकते हैं, वैसे ही भूमि पर उनका भी आधा अधिकार हो सकता है
Transcript Unavailable.
आपका पैसा आपकी ताकत की आज की कड़ी में हम सुनेंगे और जानेंगे पैसों के सही निवेश के बारे में
उत्तरप्रदेश राज्य के बहराइच जिला से शालिनी पांडेय ने मोबाइल वाणी के माध्यम से बताया कि हमारे समाज में बहुत सारी लैंगिक असमानता है। अगर किसी लड़की को अपने किसी भी सपने को पूरा करना है, तो उसे स्कूल जाना होगा। लड़कियाँ के लिए बड़े कॉलेज या बड़े स्कूल नहीं होते हैं, अगर उन्हें पढ़ाई के लिए बाहर जाने का अपना सपना पूरा करना है, तो उन्हें बाहर जाना होगा, तो परिवार की अनुमति लेनी होगी। बाहर जाने के लिए लड़कियों को बहुत पीड़ा उठानी पड़ती है। अगर उन्हें बाहर जाना है तो उन्हें पहले अनुमति देनी होगी, फिर उन्हें अनुमति भी नहीं मिलती। कई लड़कियों के कई सपने होते हैं। लड़कियों को अपने सपनों को सिर्फ इसलिए तोड़ना पड़ता है क्योंकि वे बाहर जाकर अपने सपनों को पूरा नहीं कर पाती हैं। महिला को भी शिक्षित होने की आवश्यकता होती है। शिक्षित होना बहुत महत्वपूर्ण है क्योंकि अगर घर में बच्चे हैं, तो उन्हें देखने के लिए हमेशा एक आदमी नहीं होता है। घर में पहली शिक्षक एक मां और एक महिला होती है, इसलिए महिलाओं को शिक्षित करना बहुत महत्वपूर्ण है।
