उत्तर प्रदेश राज्य के बहराइच जिला से विशाल सिंह ने मोबाइल वाणी के माध्यम से धान की खेती के बारे में जानकारी दिया
उत्तर प्रदेश राज्य के बहराइच जिला से विशाल सिंह ने मोबाइल वाणी के माध्यम से बिजली सिंह से साक्षात्कार लिया। बिजली सिंह ने बताया कि महिलाओं को दूसरे के खेतों में काम ना कर के खुद का व्यवसाय करना चाहिए। सरकार महिलाओं के व्यवसाय के लिए सहायता दे रही है उसका लाभ उठाना चाहिए। महिलाओं को घर में चादर पेंट करना चाहिए,टोकरी बनाएं,पर्दे बनाएं,इत्यादि
उत्तर प्रदेश राज्य के बहराइच जिला से विशाल सिंह ने मोबाइल वाणी के माध्यम बताया कि महिलाओं को खुद का बिजनेस करना चाहिए। जैसे- दुकान,पशुपालन,मुर्गी पालन, इत्यादि। बिजनेस कर के वे अपना पूंजी एवं कारोबार बढ़ा सकती हैं। महिलाएं खुद का कारोबार करेंगी तो खुद की मालिक रहेंगी किसी पर निर्भर नही रहेंगी
उत्तर प्रदेश राज्य के बहराइच जिला से विशाल सिंह ने मोबाइल वाणी के माध्यम से मानसी सिंह से साक्षात्कार लिया। मानसी सिंह ने बताया कि महिलाओं को जमीन में हक़ होना चाहिए। वो पुरे दिन खेत में काम करती हैं,मगर उनको हिस्सा नहीं दिया जाता है। पुरुषों के बराबर महिलाओं को भी हक़ मिलना चाहिए
उत्तर प्रदेश राज्य के बहराइच जिला से शालिनी पांडेय ने मोबाइल वाणी के माध्यम से वंदना वर्मा से साक्षात्कार लिया। वंदना वर्मा ने बताया कि महिआएं अपने खेत में काम करती हैं तो उनके काम को गिना नहीं जाता है और दूसरे के खेत में काम करती हैं तो पुरुषों के मुकाबले कम मजदूरी दिया जाता है। महिलाओं को शिक्षित करना समाज और परिवार के लिए लाभदायक होगा। महिलाओं को जमीन में हिस्सा मिलना चाहिए। यदि ऐसा होता है तो महिला खुद को सुरक्षित समझेगी।
उत्तर प्रदेश राज्य के बहराइच जिला से शिव कुमार तिवारी ने मोबाइल वाणी के माध्यम से बताया कि महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए सरकार द्वारा चलाए जा रहे कार्यक्रमों का प्रशिक्षण देना चाहिए। उन्हें आगे बढ़ने के लिए नए - नए अवसर मिलने चाहिए। महिलाएं स्वयं उद्यमी बनना चाहती है और अपने परिवार का पालन-पोषण जिम्मेदारी के साथ निभाना चाहती हैं
"गांव आजीविका और हम" कार्यक्रम के अंतर्गत कृषि विशेषज्ञ जीव दास साहू किसानों को धान रोपने के लिए कौन सा विधि ,किस तरह से लगाना है इसकी जानकारी दे रहे हैं। इसकी पूरी जानकारी सुनने के लिए ऑडियो पर क्लिक करें.
उत्तरप्रदेश राज्य के बहराइच जिला से शालिनी पाण्डेय ने मोबाइल वाणी के माध्यम से नीरज पांडे से बातचीत की। बातचीत में उन्होंने बताया कि देश के ग्रामीण क्षेत्रों में महिलाएं खेती का हिस्सा हैं।खेतों में काम करने पर उन्हें कोई लाभ नहीं मिलता है उन्हें अधिकार दिलाने के लिए सरकार के द्वारा चलायी गयी नीतियों को सभी को पालन करना चाहिए। इसका लाभ दोनों वर्गों को मिले। धरातल में इसका सही से लाभ मिले। महिलाओं का विकास के लिए महिलाओं को शिक्षा, स्वास्थ्य और आर्थिक अवसर प्रदान करके ग्रामीण विकास को बढ़ावा दिया जा सकता है। महिलाओं को उनका अधिकार मिलना चाहिए और गाँव के विकास को बढ़ावा देने के लिए तकनीक का उपयोग किया जा सकता है।
सुनिए डॉक्टर स्नेहा माथुर की संघर्षमय लेकिन प्रेरक कहानी और जानिए कैसे उन्होंने भारतीय समाज और परिवारों में फैली बुराइयों के ख़िलाफ़ आवाज़ उठाई! सुनिए उनका संघर्ष और जीत, धारावाहिक 'मैं कुछ भी कर सकती हूं' में...
उत्तरप्रदेश राज्य के बहराइच जिला से शालिनी पाण्डेय ने मोबाइल वाणी के माध्यम से मान्या से बातचीत की। बातचीत में उन्होंने बताया कि हमारे में देश के गांवों की महिलाएं अधिकतर खेती से जुड़ी हुयी हैं जिन्हे अपने खेतों में काम करती हैं जिसमे उनको कोई मजदूरी नहीं मिलता है ना ही कोई सम्मान नहीं मिलता। लेकिन पुरूषों का नाम होता है। सारा काम महिलाएं ही करती हैं। सरकार को इसपर नज़र रखनी चाहिए कि वे पुरूषों के बराबर महिलाओं को अधिकार दें। जितनी भी सम्पत्ति है पुरुषों के साथ महिलाओं का अधिकार होना चाहिए। ऐसा होता है कि पति के ना रहने पर ही महिलाओं को उनका अधिकार दिया जाता है जबकि ऐसा नहीं होना चाहिए। उन्हें बराबर का अधिकार मिलना चाहिए। महिलाओं को शिक्षा प्राप्त होगी तभी गांव का विकास होगा
