महिला व बाल विकास की समीक्षा बैठक में पाया गया कि योजना के क्रियान्वयन में मैदानी अमला पिछड़ रहा है । इस मामले में कलेक्टर ने हिदायत दी कि बच्चों ,गर्भवती, धात्री महिलाओं का शत प्रतिशत पंजीयन किए जाए और डाटा अपडेट किया जाए