बिहार राज्य के जिला नवादा के नारदीगंज प्रखंड से सुनीता कुमारी मोबाइल वाणी के माध्यम से यह जानकारी चाहती है कि क्या परिवार में समस्याओं से जोखिम भरा व्यवहार बढ़ सकता है?
बिहार राज्य के जिला नवादा के नारदीगंज प्रखंड से गीता देवी मोबाइल वाणी के माध्यम से यह जानकारी चाहती है कि जोखिम भरे व्यवहार के क्या कारण हो सकते हैं?
बिहार राज्य के जिला नवादा के नारदीगंज प्रखंड से टुन्नी देवी ,मोबाइल वाणी के माध्यम से यह जानकारी चाहती है कि क्या ऑनलाइन खतरों का सामना करना एक जोखिम भरा व्यवहार है?
बिहार राज्य के जिला नवादा के नारदीगंज प्रखंड के ग्राम कोशला से कुंती देवी मोबाइल वाणी के माध्यम से यह जानकारी चाहती है कि क्या जुआ खेलना एक जोखिम भरा व्यवहार है?
बिहार राज्य के जिला नवादा के नारदीगंज प्रखंड कौसल्या देवी मोबाइल वाणी के माध्यम से यह जानकारी चाहती है कि क्या स्कूल छोड़ना एक जोखिम भरा व्यवहार है ?
बिहार राज्य के जिला नवादा के नारदीगंज प्रखंड कांति देवी मोबाइल वाणी के माध्यम से यह जानकारी चाहती है कि क्या तेज़ गाड़ी चलाना एक जोखिम भरा व्यवहार है ?
बिहार राज्य के नवादा जिला के नारदीगंज ब्लॉक से रीना देवी मोबाइल वाणी के माध्यम से जानकारी चाहती हैं कि क्या नए अनुभव लेना जोखिम भरा व्यवहार है ?
बिहार राज्य के नवादा जिला के नारदीगंज ब्लॉक से नंदनी कुमारी मोबाइल वाणी के माध्यम से जानकारी चाहती हैं कि क्या नशीले पदार्थों का दुरूपयोग और निर्भरता वाले व्यक्ति को शर्म महसूस करनी चाहिए ?
बिहार राज्य के नवादा जिला के नारदीगंज ब्लॉक से मुन्ति देवी मोबाइल वाणी के माध्यम से जानकारी चाहती हैं कि क्या नशीले पदार्थों का दुरूपयोग और निर्भरता के लिए ऑनलाइन संसाधन है ?
बिहार राज्य के नवादा जिला के नारदीगंज प्रखंड के कोसला पंचायत से रिंकी मोबाइल वाणी के माध्यम से जानना चाहती हैं कि किशोर जोखिम भरे काम क्यों करते हैं ?

Comments
नहीं, नशीले पदार्थों के दुरुपयोग या निर्भरता से जूझ रहे व्यक्ति को कभी शर्म महसूस नहीं करनी चाहिए। नशे की लत कोई नैतिक कमजोरी या इच्छाशक्ति की कमी नहीं है, बल्कि यह एक चिकित्सीय समस्या है जो मस्तिष्क और व्यवहार को प्रभावित करती है। शर्म और अपराधबोध की भावना स्थिति को और खराब कर देती है, जिससे व्यक्ति मदद लेने या अपनी परेशानी साझा करने से हिचकिचाने लगता है। समाज को ऐसे लोगों की आलोचना करने के बजाय उनके प्रति सहानुभूति, समझ और सहयोग का रवैया अपनाना चाहिए। परिवार, समुदाय और उचित उपचार या परामर्श की मदद से नशे की लत से उबरना पूरी तरह संभव है। हर व्यक्ति देखभाल और सम्मान का हकदार है, और मदद मांगना कमजोरी नहीं बल्कि ताकत की निशानी है। नशे की लत से मुक्ति की शुरुआत करुणा से होती है, दूसरों की ओर से भी और खुद के प्रति भी।
Nov. 7, 2025, 5:28 p.m. | Tags: information health mentalhealth