गोरखपुर, अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) गोरखपुर में इंडियन एसोसिएशन ऑफ प्रिवेंटिव एंड सोशल मेडिसिन का दो दिवसीय छब्बीसवां कांफ्रेस लाइलाज उपेक्षित बीमारी फाइलेरिया के लिहाज से भी खास रहा । पहली बार इस मंच पर फाइलेरिया उत्तरजीवी नेटवर्क की सदस्य पूजा सिंह को भी अपनी कहानी सुनाने का मौका मिला, जिससे इस उपेक्षित बीमारी के मरीजों को भी स्वर मिला । फाइलेरिया मरीजों की बात आई तो इसके उन्मूलन के प्रयासों के बारे में भी कई कहानियां सामने आईं । पूरा सत्र जीवंत बन गया और कार्यकारी निदेशक डॉ सुरेखा किशोर की उपस्थिति में हुई इस खुली चर्चा की सभी ने सराहना की ।